{"product_id":"9789347125096","title":"Dibiya | डिबिया","description":"\u003cp\u003eउदय प्रकाश की छोटी कहानियों के इस चयन में भी उनके कथावैशिष्ट्य के सभी तत्व सहज गतिमान दिखते हैं। जादू, मार्मिक स्मृतियाँ, विडंबना बोध और व्यंग्य उनकी इन कहानियों में एक कौंध की तरह आते हैं और पाठक की चेतना को प्रकाशित कर जाते हैं। माँ, पिता, भाई और मित्रों से आत्मीय किंतु जटिल रिश्तों की कई परतें इन कहानियों की संवेदना भूमि को बनाती हैं। उदय प्रकाश के पास, स्मृतियों और बाहरी संसार के जादू भरे वर्णन की एक ऐसी अद्वितीय भाषा है जो उन्हें गल्प के माहिर कारीगरों के बीच रखती है। अवसरवाद से उपजी गुलाम मानसिकता और यांत्रिकता जहाँ मनुष्य को दयनीय बना रही है वहीं दूसरी ओर अकेला भी कर रही है ।यहाँ अपने में खोया हुआ बचपन भी उतना ही सच्चा है जितनी प्रमाणिक मृत्यु की आहटें हैं।\u003c\/p\u003e","brand":"Yuvaan Books","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":52639409635620,"sku":"9789347125096","price":199.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0997\/1679\/2612\/files\/9789347125096.jpg?v=1775202472","url":"https:\/\/unboundscript.com\/products\/9789347125096","provider":"Unbound Script","version":"1.0","type":"link"}