Kaun Jaat Ho Bhai | कौन जात हो भाई By Bachcha Lal Unmesh

Kaun Jaat Ho Bhai | कौन जात हो भाई By Bachcha Lal Unmesh

Sale price  Rs. 224 Regular price  Rs. 249
Skip to product information
 
                
Exclusive Tyndale.com Preview
           
          
       
         

Information

                 
       
         

Add additional descriptions, sizing guides, or brand info here.

       
     
   
 

Kaun Jaat Ho Bhai | कौन जात हो भाई By Bachcha Lal Unmesh

Rs. 224
Rs. 249
Save 10%
In Stock

इन सभी कविताओं में आए समकालीन सामाजिक-राजनैतिक-आर्थिक- सांस्कृतिक विमर्श, बहस, संघर्ष और दलित-बहुजन चेतना को आसानी से देखा जा सकता है । बच्चा लाल ‘उन्मेष’ के संग्रह में शामिल तमाम कविताएँ समाज में फैली असमानता, उत्पीड़न, शोषण, दमन को वर्गीय और जातीय दोनों आधार पर चिह्नित करती हैं और उन पर कड़ा प्रहार करती हैं। एक तरफ़ ये कविताएँ मनुवाद पर आधारित ब्राह्मणवाद की पोल खोलती हैं तो दूसरी ओर दलितों, मज़दूरों, किसानों, स्त्रियों पर होने वाले ज़ुल्म और शोषण की मुख़ालिफ़त करते हुए उनके पक्ष में मज़बूती से खड़े होकर अपनी आवाज़ बुलंद करती हैं। भाषा की दृष्टि से कविताएँ बेहद सरल, पठनीय और दिल को छू जाने वाली हैं। कविता में व्यंग्यात्मक शैली कविता को और पठनीय और वैचारिक बना देती है ।
-अनिता भारती

Check delivery availability

Book Details

Publisher Yuvaan Books
Edition 1st
ISBN 9789347125874
Year 2025
Format Paperback
Pages 136
Language Hindi

You may also like